परिवार के विरोध के बाद भी नहीं छोड़ी जिद, आज घर में ही मोतियों की खेती करके महिला बन चुकीं हैं लखपति

परिवार के विरोध के बाद भी नहीं छोड़ी जिद, आज घर में ही मोतियों की खेती करके महिला बन चुकीं हैं लखपति

किसी के अंदर कुछ कर गुजरने का जज्बा हो तो पहाड़ भी छोटा लगने लगता है। ऐसी ही कहानी है यूपी के आगरा में रहने वाली रंजना यादव की। रंजना यादव को अपनी मंजिल पता थी और इसके लिए उन्होंने खुद ब खुद रास्ता बनाया । 27 वर्षीय रंजना यादव दो बच्चों की माँ है। इन्होंने फॉरेस्ट्री से एमएससी किया हुआ है। पढ़ाई के बाद रंजना ने अपना खुद का एक बिजनेस शुरू करने का सोचा। रंजना को शुरू से ही मोती आकर्षित करते थे। उन्हें इसमें बहुत रूचि थी कि मोती बनते कैसे हैं? इसलिए उन्होंने मोती की खेती करने का सोचा।

 

जब यह बात उन्होंने अपने परिवार को बताई तब उनके परिवार में कोई भी इसके लिए तैयार नहीं हुआ क्योंकि इसके पहले उनके परिवार में किसी ने बिज़नेस नही किया था। तब रंजना ने निश्चय किया कि वह अपने परिवार को सबसे पहले अपनी काबिलियत साबित करके दिखाएंगी। इसके लिए उन्होंने अपने घर में ही जनवरी 2018 में मोती की खेती की शुरुआत करने की सोची। उन्होंने सबसे पहले इसे छोटे स्तर पर शुरू किया इसके लिए उन्होंने अपने घर में ही एक पुराने बाथटब की मदद से तालाब बनाया। इस तालाब में उन्होंने सीपियों को उगाया और सीपियों के लिए समुद्र के जैसा पानी तैयार किया।

मेहनत रंग लाई

पहली बार में रंजना को सफलता मिली उन्होंने सीपियों से कुछ मोती निकाले। लेकिन रंजना को पता नहीं था कि इन मोतियों की कीमत क्या है। वो सराफा बाजार गईं और औने पौने दामों में 10 मोतियों को बेचा। इन मोतियों के बदले रंजना को 350 से 400 रुपये तक मिले। इसके बाद रंजना को किसी ने बताया कि यदि वो इन्हें बाहर जाकर बेचे तो अच्छी कीमत मिल सकती है। लिहाजा रंजना ने नेट में सर्च करने के बाद हैदराबाद के ज्वेलरी बाजार में अपने मोतियों को बेचा। इस बार किस्मत खुल गई।

इस बार रंजना को इन 20 सीपों से ही लगभग 80,000 रुपये का मुनाफा हुआ। इस सफलता से इनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उससे उनका परिवार भी उनके मोतियों की खेती और बिजनेस के लिए मान गया। इसके बाद रंजना ने इसमें थोड़ी ट्रेनिंग के लिए भुवनेश्वर के सेंट्रल इंस्टीट्यूट आफ फ्रेशवाटर एक्वाकल्चर में एक क्रैश कोर्स में दाखिला लिया।

इसके बाद रंजना ने अहमदाबाद से 2000 सीप खरीदें। इस बाद उत्तर प्रदेश की आगरा में उन्होंने विधिवानी पर्ल फार्मिंग स्टार्टअप की शुरुआत की रंजना यादव अपने घर की पहली बिजनेसवीमेन बन गई।इस बार होने वाली कमाई का यदि अंदाजा लगाया जाए तो रंजना सीपियों से मोती निकालकर लाखों रुपए का मुनाफा कमाएंगी।

Deepak Pandey

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *